- जल्द से जल्द खोली जाएं ग्रामीण सड़कें-सुमन
- सोमवार से आरेंज अलर्ट, सतर्क रहने के निर्देश
- सचिव आपदा प्रबंधन ने की समीक्षा
आगामी दिनों के लिए मौसम विभाग द्वारा जारी ऑरेंज अलर्ट तथा राज्य में सक्रिय मानसून को देखते हुए सचिव, आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने शनिवार को सभी जनपदों को उच्च सतर्कता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। एसईओसी में आयोजित बैठक में उन्होंने मानसून के दौरान अब तक विभिन्न जनपदों में हुई क्षति, राहत एवं पुनर्बहाली कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए क्षति की रिपोर्ट शीघ्र शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने सभी जनपदों को निर्देश दिए कि आपदा के दौरान साहसिक, उत्कृष्ट एवं असाधारण कार्य करने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों तथा आपदा से जुड़े कार्मिकों को उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए 26 जनवरी, 15 अगस्त एवं 9 नवम्बर (उत्तराखण्ड स्थापना दिवस) के अवसर पर सम्मानित किया जाए।
पोर्टल पर उपलब्ध होगी उपकरणों की पूरी जानकारी
सचिव आपदा प्रबंधन ने निर्देश दिए कि सभी जनपद अपने-अपने क्षेत्र में उपलब्ध आपदा प्रबंधन उपकरणों, मशीनरी एवं प्रशिक्षित मानव संसाधनों का विवरण आईडीआरएन पोर्टल पर अपलोड करें। इससे आपदा के समय यह जानकारी तत्काल उपलब्ध हो सकेगी कि कौन-से उपकरण एवं प्रशिक्षित संसाधन किस जनपद या स्थान पर उपलब्ध हैं, जिससे आवश्यकता पड़ने पर उन्हें बिना विलंब प्रभावित क्षेत्रों में भेजा जा सके।
तकनीकी रूप से सशक्त होंगी तहसीलें
सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने कहा कि विश्व बैंक सहायतित यूप्रिपेयर परियोजना के अंतर्गत राज्य की तहसीलों को तकनीकी रूप से और अधिक सक्षम बनाया जाएगा। इसके तहत तहसीलों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष स्थापित किए जाएंगे तथा डिजिटल स्क्रीन, लैपटॉप, कंप्यूटर, उच्च गति इंटरनेट एवं वाई-फाई जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि इससे आपदा के दौरान राज्य, जनपद एवं तहसील स्तर के बीच समन्वय और त्वरित निर्णय प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा। तहसील में इनका उपयोग कंट्रोल रूम के तौर पर भी किया जा सकेगा।